ब्यूरो
नई दिल्ली। 137 दिन के विराम के बाद आखिर कर आज सरकारी तेल कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल के दाम में भारी इजाफा कर दिया। सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल की कीमतों में 80 पैसे की बढ़ोतरी के बाद रसोई गैस की कीमतों में भी 50 रुपये की वृद्धि कर दी गई है। यानी कि 14.2 किग्रा सिलेंडर के लिए दिल्ली में 949.50 रुपये भुगतान करने होंगे। बता दें कि आखिरी बार 6 अक्तूबर को एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में वृद्धि हुई थी। आज यानी मंगलवार को पेट्रोल की कीमतों में जहां 80 पैसे प्रति लीटर की तगड़ी बढ़ोतरी हुई वहीं डीजल भी 80 पैसे प्रति लीटर महंगा हो गया। पिछले साल सितंबर में 8.15 रुपये महंगा हुआ था पेट्रोल पिछले साल नवंबर से पेट्रोल के दाम स्थिर हैं। हालांकि पश्चिम बंगाल समेत कुछ राज्यों के चुना व के बाद पिछले साल सितंबर के अंतिम दिनों से जो पेट्रोल की कीमतें बढ़नी शुरू हुईं, वह दिवाली से पहले तक जारी रही। इतने दिना में ही पेट्रोल 8.15 रुपये प्रति लीटर महंगा हो गया। पिछले साल सितंबर के बाद पेट्रोल के मुकाबले डीजल का बाजार ज्यादा तेज हुआ था। कारोबारी लिहाज से देखें तो पेट्रोल के मुकाबले डीजल बनाना महंगा पड़ता है लेकिन भारत के खुले बाजार में पेट्रोल महंगा बिकता है और डीजल सस्ता बिकता है। बीते साल 24 सितंबर से यहां जो डीजल में आग लगनी शुरू हुई थी वह उत्पाद शुल्क में कटौती के बाद रुकी थी। 24 सितंबर 22 से दिवाली तक डीजल करीब 9.45 रुपये महंगा हो गया था।

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