सुनील मिश्रा
हरिद्वार। जिला विकास अधिकारी, हरिद्वार ने मनरेगा योजना के तहत अनियमितताओं के आरोप में ग्राम विकास अधिकारी रविन्द्र सैनी और प्रमोद सैनी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई उनकी तत्कालीन ग्राम पंचायतों, ग्राम गढ़ और आन्नेकी, विकास खंड बहादराबाद में की गई जाँच के बाद हुई है, जिसमें वे दोषी पाए गए हैं।
निलंबन अवधि के दौरान, ये दोनों ग्राम विकास अधिकारी अन्य विकास खंडों से संबद्ध रहेंगे।
इस संबंध में मुख्य विकास अधिकारी महोदया ने सख्त चेतावनी जारी की है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि यदि भविष्य में इस प्रकार की अनियमितताओं की पुनरावृत्ति पाई जाती है, तो अन्य ग्राम विकास अधिकारियों के खिलाफ भी कड़ी विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। यह कदम मनरेगा योजना में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है। प्रशासन भ्रष्टाचार के प्रति जीरो-टॉलरेंस की नीति पर कायम है और सभी अधिकारियों को नियमों का कड़ाई से पालन करने का निर्देश दिया गया है।

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