अरुण सैनी
हरिद्वार। सत्यम आटो कम्पनी के निष्कासित 300 कर्मचारियों की कार्य बहाली के लिए एक बैठक बीएचएल सेक्टर 4 में संपन्न हुई जिसमें निष्कासित मजदूरों की महिलाओं ने स्पष्ट कहा कि 7 अप्रैल को जिलाधिकारी, हरिद्वार द्वारा कहा गया था कि सत्यम प्रबंधन सत्यम के निष्कासित मजदूरों को क़िस्तों के आधार पर कार्य पर लिया जाएगा। परंतु दो माह होने वाले हैं अभी तक मजदूरों को काम पर रखने की प्रक्रिया चालू नहीं हुई है। इससे हमारे परिवारों की आर्थिक हालात बेहद खराब हो चुकी है। लॉकडाउन में हमारी परेशानी और अधिक बढ़ा दी है। यदि शासन प्रशासन हमारी गैरकानूनी गेट बंदी को नहीं खोलता है या सभी मजदूरों को काम पर नहीं रख पाती है तो हमें उग्र से उग्र आंदोलन करने को विवश होना पड़ेगा।
इस अवसर पर कई महिलाओं ने कहा कि हमारे बच्चों की फीस जमा नहीं करने से ना तो रिजल्ट मिले हैं और ना ही टीसी मिल रही है। इसलिये सत्यम के मजदूरों के लिए प्रशासन को स्कूलों की फीस माफ करनी चाहिए। बैठक में सपना, किरण, संगीता नेगी, रेशमा, सोनी सिंह, रंजू देवी, कुसुम सिंह, कविता, दीपा, रंजना एवं महिपाल सिंह चंद्रेश कुमार आदि उपस्थित रहे।

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