इंतजार रजा
हरिद्वार। एक और जहां आज पूरा देश कोरोना महामारी से जूझ रहा है और इस महामारी की चपेट में आए लोग प्रति दिन अपनी जान गंवा रहे हैं। कष्ट इस बात का है कि कोरोना महामारी में अपनी जान गंवा चुके लोगों के सगे संबंधी व जान पहचान वाले उनके शव का अंतिम संस्कार तक करने से घबरा रहे हैं।
वहीं दूसरी और मानवता और इंसानियत का परिचय देते हुए मुस्लिम समुदाय के लोग यह सब देखते हुए आगे आ रहे हैं। जी हां ऐसा ही एक मामला कोतवाली रानीपुर क्षेत्र के गांव सलेमपुर से प्रकाश में आया है जहां एक हिंदू समाज की महिला की मृत्यु हो जाने के बाद उसका कोई सगा संबंधी या कोई जान पहचान वाला या समाज में हिन्दुत्व की आड में साप्रदायिकता फैलाने, भाईचारा खत्म करने वाले कोई भी सलेमपुर मे मृत्यु हुई इस महिला का अंतिम संस्कार तक करने नहीं आया।
इस पूरे मामले की जानकारी जब सलेमपुर गाँव के मुस्लिम समुदाय के लोगो को मिली तो मुस्लिम समाज के लोग मृत महिला के शव के पास पहुंचे और पूरे हिन्दू विधि विधान के साथ हिंदू समाज की मृत महिला के शव का अंतिम संस्कार मुस्लिम समुदाय के लोगों के द्वारा किया गया।
मुस्लिम समुदाय के लोगों के द्वारा किया गया यह सराहनीय कार्य तमाचा है उन लोगों के मुहं जो किसी भी धर्म की आड लेकर समाज मे जहर घोलने का काम करते है।

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