मनोज सैनी
राहुल गांधी के उत्तर व दक्षिण भारतीय वाले बयान का उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने समर्थन करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखते हुए कहा है कि क्या तथ्य परक सत्य कहना गुनाह है? हाँ है, जब #भाजपा जैसा राजनैतिक दल देश में प्रभावी हो। मुझे भाजपा के दोस्त यह बताएं कि क्या #उत्तर_भारत के कई राज्यों और दक्षिण के राज्यों के बीच में कार्य #संस्कृति में भारी अंतर नहीं है?
क्या यह सत्य नहीं है कि जितने भी #ह्यूमन इंडेक्स हैं उनमें दक्षिण भारत के राज्यों ने उत्तर भारत के राज्यों से बेहतर काम किया है?
क्या यह सत्य नहीं है कि #जनसंख्या नियंत्रण में धार्मिक विवाद के प्रपंच में न फंसकर दक्षिण भारत के सभी धर्मों के लोगों ने परिवार नियंत्रण का पालन किया है?
क्या यह सत्यता नहीं है कि #शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में दक्षिण भारत के राज्य, उत्तर प्रदेश से बहुत बेहतर काम कर रहे हैं?
क्या यह सत्यता नहीं है कि #गरीबी-अमीरी के बीच की खाई को पाटने में दक्षिण के राज्य, उत्तर भारत के राज्यों से काफी आगे खड़े हैं! और भी बहुत सारे उदाहरण दिये जा सकते हैं और यदि कोई अच्छा कर रहा है तो उसकी तारीफ कर दी, तो उसमें आपको उत्तर और दक्षिण कहां से दिखाई देने लग गया! और जब हम ऐसा कहते हैं तो हम इस बात को भी तो स्वीकार करते हैं कि उत्तर भारत के राज्य #पिछड़े रह गये, इसमें सभी #राजनीतिक दलों का दोष है और आज भी वो गलतियाँ हो रही हैं, उसको स्वीकार करने के बजाय आप दनादन फिर अपने डिविजिव (बांटने) के एजेंडे में लग गये, लोगों के मन में कैसे ही हो नफरत की खाई पैदा करो, उस एजेण्डे पर जुट गये।

More Stories
गंगा सभा के चुनाव आयोग सदस्यों ने किया मां गंगा का पूजन। की अपने कार्यों की शुरुआत।
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर मुकदमे में नया मोड़। हल्द्वानी कोतवाली में शिकायत दर्ज कराने पहुंचा बाल्मीकि समाज। कहा राहुल गांधी पर मुकदमा दर्ज कराने वाला अमित कुमार बाल्मीकि समाज से नही।
जिला योजना समिति के सदस्यों के निर्वाचन हेतु मतदाता सूची तैयार करने की प्रक्रिया प्रारम्भ।